पाली। सोजत क्षेत्र के रामासनी सांदवान गांव में गुरुवार शाम को हुई 12 वर्षीय बच्चे की हत्या के मामले में सामने आया है कि उसका कातिल कोई और नहीं उसका परिचित ही है। जानकारी में आया है कि आरोपी की शादी नहीं हो रही थी। जिसके लिए तांत्रिक ने उसे नरबलि देने को कहा था। इस पर आरोपी युवक मदरसे से घर लौट रहे बच्चे को बहला-फुसलाकर अपने साथ जंगल में ले गया एवं हाथ-पैर बांधकर वहां तंत्र क्रिया की, इसके बाद छुरे से उसका गला काट दिया। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लिया है। पूछताछ में उसने अपना गुनाह कबूल कर लिया है। आरोपी ने पुलिस को बताया- शादी नहीं हो रही थी, इसलिए एक तांत्रिक ने कहा था- नरबलि देगा तो हो जाएगी।
पुलिस के अनुसार आरोपी
कई दिनों से बच्चे की रैकी कर रहा था तथा गुरुवार शाम जब आरिफ मदरसे से लौट रहा था तब आरोपी ने उसे बहला फुसलाकर कर गांव के बाहर तालाब की पाल पर झाड़ियों के बीच ले गया तथा दोनों हाथ-पैर और मुंह बांधकर पटक दिया
एवं छुरे से उसका गला काट दिया। इसके बाद तंत्र-मंत्र किया।घटना स्थल पर टूटा हुआ मटका खून से सनी लकड़ी एवं तंत्र-मंत्र से जुड़ा सामान मिला। वही एफएसएल टीम ने मौके की वीडियो ग्राफी की है।
पुलिस के अनुसार वारदात के बाद घबराने का नाटक करते हुए उसने परिवार को बताया कि उसने दो लोगों को तलवार लेकर भागते देखा है आरिफ के दादा और परिवार के लोग उसके साथ तालाब की पाल तक पहुंचे वहां मासूम का शव पड़ा था आरोपी खुद को चश्मदीद साबित करने की कोशिश करता रहा लेकिन पुलिस को बातों का विरोधाभास नजर आया घटना के बाद उसने कपड़े बदल दिए थे यही से शक गहरा गया पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की तो वह टूट गया। ग्रामीणों के अनुसार आरोपी पहले भी हिंसक हरकतें कर चुका है दो साल पहले भी उसने भैंस के पाडे का गला काट दिया था वही छोटी मोटी चोरीयो के भी आरोप लगा चुके हैं।